गुरुवार, 16 अप्रैल 2015

हॉट स्पॉट











चींटियों सी रेंगती है 
सीधी लाइन में गाड़ियाँ 
मशीन से दौड़े जाते हैं लोग 
रहता है मोबाईल 
24*7 ऑलवेज़ ऑन 
सजती हैं महफ़िलें 
हर रात ऑन टाईम 
खाली घर को ताकती हैं 
ऐ सी में बंद खिड़कियाँ 
खुला आकाश रखता है 
सबको पूरा दिन हॉट 
पार्सल में लिपट कर 
खाना बजाता है डोर बैल 
शाम ढले टेरिस पर 
झूला झूलते हैं कुछ बेजान पौधे
इक शहर का व्यस्त जीवन 
यूँ हॉट स्पॉट बन जाता है !!



सु-मन